उत्तर प्रदेश

लखनऊ में बिजली संकट से निपटने का बड़ा प्लान, 232 करोड़ रुपये होंगे खर्च; 3 नए उपकेंद्र बनाने की तैयारी

लखनऊ: गर्मी के दौरान जिन इलाकों में बिजली संकट को लेकर उपभोक्ताओं ने नाराजगी जताई, बिजली उपकेंद्रों का घेराव किया और सड़क जाम की, वहां की स्थिति का बिजली विभाग ने स्थलीय आकलन कराया है। स्थानीय अवर अभियंताओं और सहायक अभियंताओं की रिपोर्ट के आधार पर ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाने, नई 33 केवी लाइन बनाने, बिजली उपकेंद्रों की इंटरलिंकिंग और पावर ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाने समेत कई कामों की जरूरत बताई गई है।

232 करोड़ रुपये का प्रस्ताव तैयार

लेसा के चारों जोन से अलग-अलग सुधार कार्यों को शामिल करते हुए कुल 232 करोड़ रुपये का प्रस्ताव तैयार किया गया है। यह एडिशनल बिजनेस प्लान 26 सितंबर 2026 को प्रस्तावित बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की बैठक में रखा जाएगा। अधिकारियों को इसके स्वीकृत होने की पूरी उम्मीद है। विभाग का मानना है कि आगामी गर्मी से पहले जरूरी काम नहीं किए गए तो वर्ष 2027 में बिजली संकट और गंभीर हो सकता है।

तीन नए बिजली उपकेंद्र बनाए जाएंगे

अमौसी जोन के उतरेटिया, निलमथा, कल्ली पश्चिम, एकता नगर और पारा क्षेत्र में इस गर्मी बिजली संकट को लेकर लोगों ने काफी नाराजगी जताई थी। इसे देखते हुए कल्ली पश्चिम, पारा और गोसाईगंज, मोहनलालगंज व पूरनपुर के बीच बेलीराम में तीन नए बिजली उपकेंद्र बनाए जाने की योजना है।

उतरेटिया में 10 एमवीए का पावर ट्रांसफार्मर भी लगाया जाएगा। इस पूरे क्षेत्र के लिए करीब 90 करोड़ रुपये का प्रस्ताव तैयार किया गया है। इसके तहत 63 से 250 केवीए क्षमता वाले 233 ट्रांसफार्मर लगाए जाएंगे और कई मौजूदा ट्रांसफार्मरों की क्षमता भी बढ़ाई जाएगी।

लखनऊ मध्य जोन में 46 करोड़ के काम

लखनऊ मध्य जोन में बिजली व्यवस्था सुधारने के लिए करीब 46 करोड़ रुपये खर्च किए जाने का प्रस्ताव है। ऐशबाग बिजली उपकेंद्र में इस साल बिजली संकट को लेकर उपभोक्ताओं ने घेराव और तोड़फोड़ की थी। यहां 10 एमवीए का पावर ट्रांसफार्मर लगाया जाएगा।

इसके अलावा पुराने लखनऊ समेत कई बिजली उपकेंद्रों पर छोटे-बड़े मिलाकर 564 काम कराए जाएंगे। इस क्षेत्र में 100 से अधिक ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ाने का काम भी प्रस्तावित है।

जानकीपुरम जोन में 40 करोड़ रुपये का प्रस्ताव

जानकीपुरम जोन के प्रियदर्शनी, इंटीग्रल, सृष्टि समेत पांच बिजली उपकेंद्रों पर 5 और 10 एमवीए क्षमता के पावर ट्रांसफार्मर लगाए जाएंगे। इसके साथ ही 63 से 250 केवीए क्षमता वाले 150 अतिरिक्त ट्रांसफार्मर लगाए जाएंगे और जरूरत के अनुसार मौजूदा ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ाई जाएगी। इस जोन में 300 से अधिक काम प्रस्तावित हैं, जिन पर करीब 40 करोड़ रुपये खर्च होंगे।

गोमती नगर जोन में 56 करोड़ के काम

गोमती नगर जोन में चिनहट के शिवपुरी बिजली उपकेंद्र के लिए नई 33 केवी लाइन बनाई जाएगी और यहां पावर ट्रांसफार्मर भी लगाया जाएगा। इसके अलावा इंदिरा नगर, गोमती नगर, चिनहट और आसपास के क्षेत्रों में 74 नए ट्रांसफार्मर लगाए जाने हैं। इन सभी कार्यों के लिए करीब 56 करोड़ रुपये का प्रस्ताव तैयार किया गया है।